भरमौर ( ओपी शर्मा , संवाददाता ),
भरमौर, उपमंडल भरमौर की ग्राम पंचायत सचूई में भरमाणी माता मंदिर के समीप सोमवार देर रात तेंदुए के हमले से भेड़पालकों को भारी नुकसान उठाना पड़ा। जंगली जानवर के हमले में 14 भेड़ें मौके पर ही मारी गईं, जबकि 15 भेड़-बकरियां अभी भी लापता बताई जा रही हैं। घटना के बाद क्षेत्र के भेड़पालकों में दहशत का माहौल है।
जानकारी के अनुसार सचूई पंचायत निवासी सतपाल ठाकुर और बुद्धि सिंह अपनी भेड़-बकरियों के साथ भरमाणी माता मंदिर के निकट डेरा लगाए हुए थे। सोमवार रात करीब तीन बजे तेंदुए ने झुंड पर हमला कर दिया। हमले में 14 भेड़ें मृत पाई गईं, जबकि कई जानवर जंगल की ओर भाग गए। मंगलवार को भी लापता भेड़-बकरियों की तलाश जारी रही।
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पशुपालन विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची तथा नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी। विभागीय अधिकारी प्रभावित परिवारों को नियमानुसार राहत प्रदान करने की प्रक्रिया में जुट गए हैं।
स्थानीय भेड़पालकों अमर सिंह, जिगरी राम, अंग्रेज सिंह, करनैल सिंह और चतरो राम ने प्रशासन और वन विभाग से प्रभावित परिवारों को शीघ्र उचित मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि भेड़-बकरियां ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन हैं और ऐसे हमलों से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है।
उल्लेखनीय है कि पिछले पांच दिनों में जंगली जानवरों द्वारा भेड़-बकरियों पर हमले की यह तीसरी घटना है। इससे पहले पूलन पंचायत में हुई दो अलग-अलग घटनाओं में लगभग 30 भेड़-बकरियां जंगली जानवरों का शिकार बनी थीं, जबकि करीब 20 जानवर लापता हुए थे।
भरमौर के विधायक डॉ. जनक राज ने भी प्रशासन से प्रभावित परिवारों को उचित राहत और मुआवजा उपलब्ध करवाने की मांग की है।

