गंगा-जमुनी तहज़ीब की मिसाल बनी नाज़िया, संस्कृत की परीक्षा में कॉलेज टॉपर

0
33

संध्या कश्यप नाहन।

सिरमौर जिले की बेटी नाज़िया ने एक ऐसी उपलब्धि हासिल की है, जो शिक्षा और सामाजिक सौहार्द की नई मिसाल बन गई है। गोरक्षनाथ राजकीय संस्कृत कॉलेज, नाहन की छात्रा नाज़िया ने शास्त्री (संस्कृत) अंतिम वर्ष की परीक्षा में पूरे कॉलेज में प्रथम स्थान प्राप्त कर इतिहास रच दिया है। मुस्लिम परिवार से संबंध रखने वाली नाज़िया ने संस्कृत विषय में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर यह साबित कर दिया कि ज्ञान और शिक्षा की कोई धार्मिक सीमा नहीं होती।पांवटा साहिब के रामपुर बंजारन (डाकघर धौलाकुआं) की रहने वाली नाज़िया, सलीम मोहम्मद और संजीदा की पुत्री हैं। सीमित संसाधनों वाले परिवार से आने के बावजूद उन्होंने अपनी मेहनत और लगन के बल पर यह मुकाम हासिल किया है। उनके पिता एक फैक्ट्री में कार्यरत हैं और उन्होंने हमेशा अपनी बेटी की शिक्षा को प्राथमिकता दी।नाज़िया ने शास्त्री अंतिम वर्ष की परीक्षा में 1000 में से 785 अंक प्राप्त कर कॉलेज में पहला स्थान हासिल किया। उनकी प्रतिभा का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जमा दो के बाद उन्होंने नर्सिंग, जेबीटी और शास्त्री तीनों प्रवेश परीक्षाएं सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की थीं। हालांकि उनके सामने करियर के कई विकल्प मौजूद थे, लेकिन अपनी रुचि और शिक्षिका के मार्गदर्शन पर उन्होंने संस्कृत विषय को चुना।आज नाज़िया की सफलता न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बन गई है। उनकी इस उपलब्धि की कॉलेज प्रबंधन, प्राचार्या, शिक्षकों और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने सराहना की है। लोगों का कहना है कि नाज़िया ने अपनी मेहनत और प्रतिभा से यह साबित कर दिया है कि भाषा किसी धर्म की नहीं, बल्कि ज्ञान और संस्कृति की पहचान होती है।नाज़िया की यह सफलता उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो अपने सपनों को सीमित संसाधनों के बावजूद पूरा करने का हौसला रखते हैं। उनकी उपलब्धि गंगा-जमुनी तहज़ीब, सामाजिक समरसता और शिक्षा की शक्ति का एक जीवंत उदाहरण बनकर सामने आई है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here