कुल्लू (पूजा ठाकुर/संवाददाता),
आश बाल विकास केन्द्र द्वारा आंगनवाड़ी केन्द्र पतलीकुहल में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए एक दिन की कार्यशाला का अयोजन किया गया। जिस अवसर पर धनी राम सीडीपीओ कटराई मुख्य रुप से कार्यशाला में उपस्थित रहे। उन्होंने महत्पूर्ण जानकारी देने के लिए संस्था का धन्यवाद जताया। इस कार्यशाला में साम्फ़िया फ़ाउंडेशन द्वारा दिव्यांगता के क्षेत्र में दी जाने वाली सेवाओं के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम प्रबंधक बीजू ने साम्फ़िया फ़ाउंडेशन द्वारा चलायी जा रही सभी गतिविधीयों पर प्रकाश डाला और साथ ही जानकारी देते हुए बताया कि साम्फ़िया फ़ाउंडेशन दिव्यंगता के क्षेत्र में जागरूकता लाने के लिए एक विशेष कार्यक्रम चला है जिसके तहत ज़िला के सभी शिक्षण संस्थानों, सार्वजनिक कार्यक्रमों एवं त्योहारों आदि में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने प्रस्तावित हैं और साथ ही ‘आश की आशा’ कार्यक्रम का बारे में भी जानकारी दी। वहीं डॉ. श्रुति मोरे, निदेशक साम्फ़िया फ़ाउंडेशन ने सभी को विभिन्न तरह की दिव्यंगता तथा थेरेपी सेवाओं फिजियोथैरेपी, ऑक्यूपेशनल थेरेपी, स्पीच थेरेपी एवं स्पेशल एजुकेशन के विषय में जानकारी दी। साथ ही दिव्यांगता के प्रकारों के बारे में तथा दिव्यांग बच्चों की पहचान कैसे की जा सकती है उसके बारे में जानकारी प्रदान की। इस कार्यशाला में लगभग 21 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं तथा पर्यवेक्षक सुभाष ने हिस्सा लिया।

