शिमला (विकास शर्मा/ब्यूरो चीफ),
रोड सेफ्टी क्लब, राजकीय उत्कृष्ट महाविद्यालय संजौली द्वारा सड़क सुरक्षा नियमों पर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। डीएसपी दुष्यंत सरपाल रोड सेफ्टी सेल परिवहन निर्देशालय शिमला हि.प्र. मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने अपने व्याख्यान में विभिन्न पहलुओं जैसे प्रवर्तन कार्यवाही, दुर्घटना परिदृश्य, दुर्घटनाओं के घातक परिणाम इत्यादि प्रदेश और विभिन्न जिलों के आंकड़ों द्वारा विद्यार्थियों को अवगत करवाया। शिमला, मंडी और कांगड़ा में सड़क दुर्घटनाएं अन्य जिलों की अपेक्षा अधिक है। दुर्घटना की गंभीरता को मध्य नजर रखते हुए मुख्य वक्ता ने बताया कि किन्नौर सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र है। वक्ता ने दुर्घटना के मुख्य कारण बताए जो कि अतिगति, लापरवाही, नशे में धुत होकर गाड़ी चलाना, ओवरटेकिंग इत्यादि है। मुख्य वक्ता ने बताया कि युवाओं को इस विषय में अधिक जागरूक होने की आवश्यकता है और वे अपने परिवार वालों को भी इसके दुष्परिणामों से अवगत करवाएं। वक्ता ने विभिन्न सड़क चिन्हों के बारे में बताया जिसमें शामिल है, मैंडेटरी रोड साइन, कॉशनरी रोड साइन, इनफॉर्मेटिव रोड साइन। अंत में महाविद्यालय की प्रधानाचार्य भारती भागड़ा ने अपने धन्यवाद ज्ञापन में कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डीएसपी दुष्यंत सरपाल, रोड सेफ्टी क्लब, परिवहन निदेशालय शिमला का आभार व्यक्त किया और साथ ही डॉ मदन शांडिल और उनकी पूरी टीम को बधाई दी । इस कार्यक्रम में उपस्थित सभी विद्यार्थियों को मुख्य वक्ता द्वारा बताई गई महत्वपूर्ण जानकारियां को अपने जीवन में अपनाने और आम जन मानस तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया। इस समारोह में विभिन्न संकायों के प्राध्यापक भी मौजूद थे। इन सब के अतिरक्त लक्कड़ बाज़ार पुलिस चौकी से आई तीन सदस्यों की टीम ने कॉलेज प्रांगण में सभी विद्यार्थियों को रोड सेफ्टी संकेत चिन्हों से अवगत कराया।

