रामपुर बुशहर (सुरजीत नेगी,संवाददाता ),
एसजेवीएन 412 मेगावाट रामपुर हाईड्रो परियोजना में आयोजित 25वें आंतर-सीपीएसयू कबड्डी प्रतियोगिता का बड़े ही सफलतापूर्वक समापन किया गया है। प्रतियोगिता में विभिन्न टीमों ने अपनी प्रतिभा का किया प्रदर्शन। प्रतियोगिता तीन दिन तक आयोजित करवाई गई। प्रतियोगिता में विभिन्न केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों की टीमों ने उत्साहपूर्वक एक दूसरे को दी कांटे की टक्कर।
एसजेवीएन के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक Bhupender Gupta ने विजेता टीम Bhakra Beas Management Board (बीबीएमबी) को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि खेल कर्मचारियों के बीच टीम वर्क, अनुशासन और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना को मजबूत करते हैं।
समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में एसजेवीएन के निदेशक (कार्मिक) Ajay Kumar Sharma उपस्थित रहे। उन्होंने आयोजन की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विजेता एवं प्रतिभागी टीमों को बधाई दी। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि एसजेवीएन खेलों को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए सदैव प्रतिबद्ध है, क्योंकि खेल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के साथ नेतृत्व क्षमता के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
फाइनल मुकाबले में बीबीएमबी बनी चैंपियन
टूर्नामेंट का फाइनल मुकाबला एसजेवीएन और बीबीएमबी के बीच खेला गया, जिसमें बीबीएमबी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम किया। एसजेवीएन प्रथम उपविजेता रहा, जबकि Power Grid Corporation of India Limited (पीजीसीआईएल) ने द्वितीय उपविजेता का स्थान हासिल किया।
व्यक्तिगत पुरस्कारों में बीबीएमबी के आकाश को ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ चुना गया। एसजेवीएन के विक्रम शर्मा को ‘सर्वश्रेष्ठ रेडर’ और बीबीएमबी के सुरेंद्र सिंह को ‘सर्वश्रेष्ठ डिफेंडर’ का पुरस्कार प्रदान किया गया।
कई प्रमुख संस्थानों की रही भागीदारी
यह प्रतियोगिता Power Sports Control Board के तत्वावधान में आयोजित की गई, जिसमें विद्युत मंत्रालय, सीईए, एनएचपीसी, पीजीसीआईएल, आरईसी, टीएचडीसी सहित कई केंद्रीय उपक्रमों की टीमों ने भाग लिया।
समापन अवसर पर रामपुर एचपीएस के परियोजना प्रमुख विकास मारवाह, एनजेएचपीएस के परियोजना प्रमुख राजीव कपूर, एलएचईपी-1 के परियोजना प्रमुख विवेक शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
इस आयोजन ने न केवल खेल भावना को प्रोत्साहित किया, बल्कि विभिन्न संस्थानों के कर्मचारियों के बीच आपसी समन्वय और सहयोग को भी नई ऊर्जा प्रदान की।
