ब्यूरो रिपोर्ट।
हिमाचल प्रदेश की सियासत में तीसरे मोर्चे की सुगबुगाहटों पर उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने तीखा हमला बोला है। उन्होंने राज्य में तीसरे विकल्प की संभावनाओं को पूरी तरह खारिज करते हुए इसे “बिना दूल्हे की बारात” करार दिया।पत्रकारों से बातचीत में डिप्टी सीएम ने कहा कि बिना किसी मजबूत और कद्दावर चेहरे के राजनीति में इस तरह के मोर्चे कभी सफल नहीं हो सकते। उन्होंने स्पष्ट किया कि मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य में ऐसा कोई बड़ा चेहरा नजर नहीं आ रहा है, जिसके इर्द-गिर्द तीसरा विकल्प खड़ा किया जा सके।उन्होंने कहा कि जब तक किसी मोर्चे के पास प्रभावशाली नेतृत्व नहीं होगा, तब तक वह अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकता। अपने तर्क को मजबूत करने के लिए उन्होंने प्रदेश की राजनीति के इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि पहले भी तीसरे विकल्प के प्रयास हुए, लेकिन तब उनके पास मजबूत नेतृत्व मौजूद था।डिप्टी सीएम ने पूर्व केंद्रीय मंत्री पंडित सुखराम का उदाहरण देते हुए कहा कि जब उन्होंने अपना अलग दल बनाया था, तब उनके लंबे और प्रभावशाली राजनीतिक करियर के कारण ही उनके दल को विधानसभा में सफलता मिली।उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री ठाकुर रामलाल का भी उल्लेख करते हुए कहा कि वे भी हिमाचल की राजनीति का एक बड़ा चेहरा थे और उनके व्यक्तित्व के कारण लोग उनके साथ जुड़े।मुकेश अग्निहोत्री ने दोहराया कि वर्तमान समय में ऐसा कोई प्रभावशाली नेतृत्व सामने नहीं है, जो तीसरे मोर्चे की कमान संभाल सके। ऐसे में बिना मजबूत चेहरे के तीसरा मोर्चा खड़ा करने की कवायद सफल नहीं हो पाएगी।