बिलासपुर (जीवन सिंह,संवाददाता),
पुलिस विभाग में सेवारत हेड कांस्टेबल ऋतिश ठाकुर का चयन हाल ही में हिमाचल प्रदेश वित्त एवं लेखा सेवा (HPFAS) में हुआ है। यह उपलब्धि न केवल पुलिस विभाग और हिमाचल प्रदेश के लिए, बल्कि विशेषकर जिला बिलासपुर के लिए भी गौरव का विषय है।हेड कांस्टेबल ऋतिश ठाकुर (आयु 24 वर्ष) सुपुत्र मंजीत सिंह जिला बिलासपुर के गाँव बघड़, ग्राम पंचायत निचली भटेड़ के निवासी हैं। उनका परिवार सैन्य पृष्ठभूमि से संबंध रखता है—पिता, दादा और परदादा सभी भारतीय सेना में सेवाएँ दे चुके हैं। इस गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने हिमाचल प्रदेश पुलिस में सेवा का मार्ग चुना और अब HPFAS जैसी प्रतिष्ठित सेवा में चयन पाकर अपनी प्रतिभा एवं परिश्रम का श्रेष्ठ उदाहरण प्रस्तुत किया है। ये 24 वर्ष की आयु में अब तक के सबसे युवा सेक्शन ऑफिसर बने हैं।अपने अल्प सेवाकाल में ही उन्होंने उल्लेखनीय उपलब्धियाँ अर्जित की हैं। फरवरी 2025 में झारखंड की राजधानी रांची में आयोजित 68वीं अखिल भारतीय पुलिस ड्यूटी मीट में उन्होंने ऑफिस ऑटोमेशन (कंप्यूटर अवेयरनेस इवेंट) में स्वर्ण पदक जीतकर प्रदेश का नाम रोशन किया। इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में प्रथम स्थान अर्जित करना उनके असाधारण तकनीकी कौशल और मेहनत का परिणाम रहा। इस उपलब्धि के उपरांत उनकी सेवाओं को मान्यता देते हुए उन्हें हेड कांस्टेबल पद पर पदोन्नत किया गया।वर्ष 2023 में भी उनकी उत्कृष्ट सेवाओं को सम्मानित करते हुए उन्हें डीजीपी डिस्क और साइबर इन्वेस्टिगेटर बैज प्रदान किया गया। इन उपलब्धियों ने न केवल पुलिस विभाग में उनकी अलग पहचान बनाई, बल्कि प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत का कार्य भी किया है।अपनी सफलता का श्रेय वे भगवान, माता-पिता, दादा-दादी और परिवार के आशीर्वाद को देते हैं। उनका कहना है कि परिवार की प्रेरणा और वरिष्ठ अधिकारियों का मार्गदर्शन उन्हें सदैव आगे बढ़ने की शक्ति देता रहा।प्रदेश की जनता, विशेषकर बिलासपुर क्षेत्र के नागरिक, हेड कांस्टेबल ऋतिश ठाकुर की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर गर्व महसूस करते हैं और उनके उज्ज्वल भविष्य तथा नई जिम्मेदारियों में सफलता की हार्दिक शुभकामनाएँ प्रेषित करते हैं।

