राजगढ़ व्यपार मंडल के दूकानदार कैलाश वल्लयाट ने ये साबित कर दिया की इस जमाने में भी ईमानदारी जिन्दा है जिसका जीताजागता उदाहरण राजगढ़ में देखने को मिला जब | कैलाश वल्लयाट ने बताया की वह अपने पुत्र की दूकान पर किसी काम से पहुंचे तो उन्हें बैठने के स्थान पर एक थैला पडा मिला जो की पैसों से भरा हुआ था जिसमें 2 लाख रुपये की राशी थी जबकि दुकान पर कोई नहीं था अपने पुत्र से पूछने पर भी पता नहीं चला की यह किसका थैला है तो इंतज़ार करने के इलावा उनके पास कोई चारा न था तभी कुछ समय बाद कोटली निवासी नवीन शर्मा थैले को तलाशते हुए उनकी दुकान पर पहुंचे जिसके बाद नवीन शर्मा को उनके पैसे से भरा थैला दे दिया गया | नवीन शर्मा ने बताया की वह तो थैला मिलने की उम्मीद छोड़ चुके थे क्यूंकि उसमें इतनी रकम देखकर किसी का भी ईमान डोल सकता था | पैसे मिलने पर नवीन शर्मा ने कैलाश वल्लयाट का धन्वायाद किया |

